केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) ने संबद्ध स्कूलों को इसी एकेडमिक सेशन से थ्री लैंग्वेज फार्मूले को लागू करने का निर्देश दिया है, जिसके तहत क्लास 6 से स्टूडेंट्स को तीन भाषाएं पढ़नी होंगी. वहीं इस सेशन से 9वीं और 10वीं के स्टूडेंट्स के लिए थ्री लैंग्वेज फार्मूले को लेकर भी सीबीएसई ने सर्कुलर जारी कर दिया है. नए निर्देश के तहत 9वीं क्लास के स्टूडेंट्स को दो ही भाषाएं (R1 और R2 सूची में शामिल भाषाएं) पढ़नी हाेंगी. साथ ही सीबीएसई ने R1 और R2 में शामिल भाषाओं की सूची भी जारी कर दी है.सीबीएसई ने ये भी स्पष्ट किया है कि 9वीं क्लास में थ्री लैंग्वेज फार्मूले को एकेडमिक सेशन 2029-30 तक लागू नहीं किया जाएगा. हालांकि सेशन 2028-29 तक 9वीं के स्टूडेंट्स तीसरी भाषा का चयन R2 से कर सकते हैं
आइए पूरी बात जानें। सीबीएसई की R1 और R2 सूची में कौन सी भाषाएं शामिल हैं. जानेंगे कि सिलेबस में क्या बदलाव किए गए हैं
सीबीएसई ने इस बार इंग्लिश के सिलेबस में बड़ा फेरबदल किया है. अब तक चल रहे ‘इंग्लिश कम्युनिकेटिव’ कोर्स को 9वीं क्लास से पूरी तरह से बंद कर दिया गया है. अब स्टूडेंट्स को केवल एक ही इंग्लिश कोर्स पढ़ना होगा, जिसके तहत स्टूडेंट्स को NCERT की नई किताब ‘कावेरी’ को अनिवार्य कर दिया गया है
CBBSE 9 वीं क्लास के विद्यार्थियों को दो भाषाएं पढ़नी होगी। CBSE ने बताया कि नवीं क्लास के विद्यार्थियों को R1 और R2 कैटेगरी की सूची से दो भाषाओं का चुनाव करना होगा। सीबीएसई ने बताया है कि विद्यार्थियों को क्लास 6 में जिन भाषाओं का चुनाव करना होगा, वह 2022–2023 में होगा। इन विद्यार्थियों को 9वीं और 10वीं में भी उसी भाषाओं को पढ़ना होगा। उदाहरण के लिए, दसवीं बोर्ड परीक्षा भी उन्हीं भाषाओं में होनी चाहिए
सीबीएसई ने नए निर्देश में थ्री लैंग्वेज फार्मूले को लेकर भाषाओं के चयन पर शुरू हुए असमंजस को खत्म करने की कोशिश की है, जिसके तहत सीबीएसई ने स्पष्ट किया है कि R1 और R2 में कौन सी भाषा शामिल है. इसमें R1 कैटेगरी में हिंदी के साथ ही अंग्रेजी, उर्दू या कन्नड़ को शामिल किया गया है. R1 कैटेगरी को मुख्य भाषा माना गया है. इस सूची में एक भाषा को स्टूडेंट्स ले सकते हैं. तो वहींR2 कैटेगरी में 43 स्थानीय भाषाओं को शामिल किया गया है. स्टूडेंट्स बोर्ड की ओर से ऑफर की गई अन्य 43 भाषाओं में से कोई भी दूसरी भाषा (R2) ले सकते हैं
ये बदलाव उन विद्यार्थियों के लिए नहीं है, जो 2026-27 के एकेडमिशन सेशन में 10वीं में पढ़ेंगे। CBSE ने स्पष्ट किया है कि 10वीं कक्षा के विद्यार्थी वही भाषाएं पढ़ेंगे जो उन्होंने 9वीं कक्षा (सत्र 2025–26) में पढ़ी थीं। उनकी असेसमेंट स्कीम भी पुराने पैटर्न पर ही होगी.
Author: Neha Mishra
नेहा मिश्रा बीते कुछ वर्षों से डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता की दुनिया में सक्रिय रूप से कार्य कर रही हैं। वह उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद से ताल्लुक रखती हैं और उन्होंने अपनी शैक्षणिक योग्यता पत्रकारिता और न्यू मीडिया के क्षेत्र में हासिल की है। नेहा मिश्रा ने भोपाल से पत्रकारिता एवं जनसंचार विश्वविद्यालय भोपाल से न्यू मीडिया टेक्नोलॉजी में मास्टर्स किया है।










