The Rana News: भाजपा अध्यक्ष का चुनाव एक बार फिर टल गया है। वर्तमान राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा को जून 2023 में एक साल का एक्सटेंशन मिला था। हरियाणा, महाराष्ट्र और दिल्ली विधानसभा चुनाव की वजह से 2024 में फिर उन्हें एक्सटेंशन मिला था। दिल्ली चुनाव के बाद पार्टी में संगठन के स्तर पर बदलाव शुरू हुए थे लेकिन अभी अध्यक्ष चुनाव पर अभी तक फैसला नहीं हो पाया है।
पार्टी के एक समस्या ये भी खड़ी हो गई कि पहले उसे अध्यक्ष का चुनाव कराना था लेकिन अब जगदीप धनखड़ के इस्तीफे की वजह उसे पहले उपराष्ट्रपति चुनाव के लिए उम्मीदवार तय करना है। संसद का सत्र 21 जुलाई से 12 अगस्त तक था, जिसे बाद में बढ़ाकर 21 अगस्त तक किया गया था। अनुमान है कि इस दौरान पार्टी बड़े फैसले लेने के साथ ही नए पार्टी अध्यक्ष के चुनाव करवा सकती थी, जिसके बाद पार्टी का प्लान शक्ति प्रदर्शन का भी था लेकिन संसद सत्र के पहले दिन उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ का इस्तीफा हो गया, जिसने पार्टी के लिए आंतरिक और बाहरी तौर पर सियासी चुनौतियां खड़ी कर दीं।
BJP के राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव सीधी तौर पर हरियाणा की राजनीति से जुड़ा हुआ है। हालांकि राष्ट्रीय अध्यक्ष पद की दौड़ में कम से कम कर नाम है जिनमें शिवराज सिंह चौहान, मनोहर लाल खट्टर प्रमुख हैं। इन मेरी मनोहर लाल खट्टर के नाम की चर्चा सबसे ज्यादा है। उन्हें आरएसएस का आशीर्वाद हासिल है और वह देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भी विश्वास पात्र हैं।
मनोहर लाल खट्टर पहली बार विधायक चुने जाने के साथ ही हरियाणा के मुख्यमंत्री भी बन गए थे। साढ़े 9 साल हरियाणा के मुख्यमंत्री रहने के बाद उन्होंने मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दिया और इसके साथ ही उन्हें लोकसभा चुनाव में पार्टी उम्मीदवार घोषित कर दिया गया। करनाल से सांसद चुने जाने के साथ ही वह केंद्र में ऊर्जा एवं शहरी विकास मंत्री बनाए गए। यह दोनों मंत्रालय सरकार के महत्वपूर्ण मंत्रालयों में शामिल हैं। अगर बात इन मंत्रालयों के बजट की करें तो इन दोनों मंत्रालयों का बजट देश के आधे से ज्यादा राज्यों के बजट से कहीं ज्यादा है।










